गटर योजना खुदाई कार्य जलापूर्ति पाइप लाइन क्षतिग्रस्त गौशाला वार्ड परिसर बना तालाब,नागरिको को जलापूर्ति बाधित

बुलंद गोंदिया। गोंदिया शहर के बाजार विभाग में भूमिगत गटर योजना का निर्माण कार्य चल रहा है जिसकी कार्यप्रणाली पर आए दिन सवालिया निशान लग रहे हैं तथा घटिया निर्माण कार्य वह कार्य में लापरवाही के चलते आए दिन विभिन्न दुर्घटना घटित हो रही है। इसी के चलते 5 दिसंबर को गौशाला वार्ड हनुमान मंदिर मुख्य मार्ग पर गटर लाइन की खुदाई के दौरान जलापूर्ति की मुख्य लाइन क्षतिग्रस्त हो गई जिसके चलते परिसर ने तालाब का रूप ले लिया।
गौरतलब है कि गोंदिया नगर परिषद की भूमिगत गटर योजना का कार्य महाराष्ट्र जीवन प्राधिकरण एजेंसी के माध्यम से कराया जा रहा है जिसका कार्य लक्ष्मी इंजीनियरिंग कोल्हापुर द्वारा ठेकेदारी में लेकर कार्य शुरू किया गया है।
लेकिन जब से यह कार्य शुरू है प्रतिदिन कार्य की गुणवत्ता व कार्यप्रणाली को लेकर नागरिकों में आक्रोश निर्माण हो रहा है।
कभी मार्गों की खुदाई कर उसे सही तरीके से फिर से ना बनाना, काफी समय तक मार्गो को खोदकर रखना, जलापूर्ति योजना की पाइप लाइन क्षतिग्रस्त होना, गड्ढे ठीक से ना भरने से वाहन फंसकर दुर्घटना होने से नागरिक जख्मी होना जैसे अनेक मामले सामने आ रहे हैं।
इसी के चलते 5 दिसंबर सोमवार को भूमिगत गटर योजना की लाइन बिछाने का कार्य गौशाला वार्ड में शुरू था जहां खुदाई के पश्चात गड्ढे को मिट्टी से भरा गया किंतु इस खुदाई के दौरान महाराष्ट्र जीवन प्राधिकरण की पेयजल की पाइप लाइन क्षतिग्रस्त हो गई।
जिससे जब शाम को जलापूर्ति शुरू हुई तो परिसर तालाब का रूप ले लिया तथा नागरिकों के नलों तक पानी नहीं पहुंच पाया।
उल्लेखनीय है कि भूमिगत गटर योजना का कार्य भी महाराष्ट्र जीवन प्राधिकरण के माध्यम से किया जा रहा है जिसने ही शहर की जलापूर्ति की पाइप लाइन का भी कार्य किया है किंतु देखने में आ रहा है कि जब गटर योजना का कार्य किया जाता है तो पाइप लाइन जलापूर्ति के पाइप लाइन की जानकारी गटर योजना के लिए मार्ग खोदने वाले ठेकेदार को क्या नहीं दी गई है इस पर भी प्रश्नचिन्ह निर्माण हो रहा है।

Share Post: